भूगोल की घटती प्राथमिकता और इसे पुनर्जीवित करने की आवश्यकता यदि किसी विषय ने उच्च शिक्षा और व्यावसायिक करियर में अपनी प्राथमिकता खो दी है, तो उनमें भूगोल प्रमुख रूप से शामिल है। स्कूल और विश्वविद्यालयों में छात्रों की भूगोल विषय में घटती रुचि यह दर्शाती है कि यह विषय अपने मौलिक स्वरूप को खोता जा रहा है। ऐसे में, यह आवश्यक है कि शैक्षिक संस्थान, पाठ्यक्रम निर्माताओं और नीति-निर्धारकों को गहराई से विचार करना चाहिए कि भूगोल का स्वरूप किस प्रकार विकसित हो रहा है और इसे पढ़ाने के प्रभावी तरीके क्या हो सकते हैं। भूगोल का वास्तविक स्वरूप दो मुख्य शाखाओं में विभाजित किया जा सकता है: भौतिक भूगोल (Physical Geography) और मानव भूगोल (Human Geography) । मानव भूगोल में सांस्कृतिक भूगोल, आर्थिक भूगोल, स्वास्थ्य भूगोल, ऐतिहासिक भूगोल, राजनीतिक भूगोल, जनसंख्या भूगोल, ग्रामीण भूगोल, सामाजिक भूगोल और परिवहन भूगोल जैसी शाखाएँ शामिल हैं। वहीं, भौतिक भूगोल में भूआकृति विज्ञान (पृथ्वी की सतह के अध्ययन), जलवायु विज्ञान (जलवायु प्रणालियों का अध्ययन), जैव भूगोल (प्रजातियों के वितरण का अध्ययन), जल वि...