तू साथ है

उनकी सहजी सी बातों में शुकराना
वो पूरे सफर का लेखा जोखा
घडी मिलन की याद है
बिछुड़ने की हर दास्ताँ तक

वो साथ और प्रोत्साहन की बातें
हर सीख सिखाती गयी
उसपर हर घडी साथ है
बिछुड़ने की हर दास्ताँ तक

वो आदर और अपनेपन की बातें
हर बार कुशलक्षेम पूछते गए
लोग जो साथ चले
बिछुड़ने की हर दास्ताँ तक

वो ठहराव और न भूलनेवाली बातें
हर बार ये कहते गए
तू साथ है तो सबकुछ है
बिछुड़ने की हर दास्ताँ तक............

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